श्रीमद्भगवद्गीता अध्याय सूची — मूल श्लोक और सरल हिंदी अर्थ सहित
श्रीमद्भगवद्गीता
अध्यायवार पाठ एवं सरल हिंदी अर्थ
भगवान श्रीकृष्ण और अर्जुन का संवाद जीवन के गहरे प्रश्नों पर विचार करने का मार्ग देता है। कर्तव्य, आत्मज्ञान, निष्काम कर्म और भक्ति के इस अध्ययन को सरल बनाने के लिए प्रत्येक अध्याय अलग पृष्ठ पर मूल संस्कृत श्लोकों और सरल हिंदी अर्थ सहित प्रस्तुत किया जा रहा है।
नीचे उपलब्ध अध्याय चुनकर पढ़ें। पहले क्रम से पढ़ना चाहें तो अर्जुनविषादयोग से शुरुआत करें और फिर सांख्ययोग में प्रवेश करें।
गीता के १८ अध्याय
अध्याय 1 • अर्जुनविषादयोग
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प्रकाशित • 47 श्लोक
अध्याय 2 • सांख्ययोग
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प्रकाशित • 72 श्लोक
अध्याय 3 • कर्मयोग
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अध्याय 4 • ज्ञानकर्मसंन्यासयोग
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अध्याय 5 • कर्मसंन्यासयोग
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अध्याय 6 • आत्मसंयमयोग
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अध्याय 7 • ज्ञानविज्ञानयोग
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अध्याय 8 • अक्षरब्रह्मयोग
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अध्याय 9 • राजविद्याराजगुह्ययोग
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अध्याय 10 • विभूतियोग
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अध्याय 11 • विश्वरूपदर्शनयोग
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अध्याय 12 • भक्तियोग
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अध्याय 13 • क्षेत्रक्षेत्रज्ञविभागयोग
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अध्याय 14 • गुणत्रयविभागयोग
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अध्याय 15 • पुरुषोत्तमयोग
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अध्याय 16 • दैवासुरसम्पद्विभागयोग
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अध्याय 17 • श्रद्धात्रयविभागयोग
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अध्याय 18 • मोक्षसंन्यासयोग
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पढ़ने का सरल क्रम
- पहले अध्याय का परिचय पढ़ें और संवाद का प्रसंग समझें।
- हर मूल श्लोक के बाद उसका सरल हिंदी अर्थ पढ़ें।
- अन्त में दिए सार पर मनन करें; एक बार में अधिक पढ़ने की जल्दी आवश्यक नहीं।
- अगला और पिछला अध्याय बटन उपलब्ध अध्यायों के बीच ले जाते हैं।
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